





Artist
Shyam Bihari Das & Jayshree Devi Dasi
Artist
Shyam Bihari Das & Jayshree Devi Dasi
Artist
Shyam Bihari Das & Jayshree Devi Dasi
Lyrics
Lyrics
Lyrics
Composer
Composer
Composer
Genre
Orchestral Rock
Genre
Orchestral Rock
Genre
Orchestral Rock
Theme
Theme
Theme
Label
Sanatana Sankirtan
Label
Sanatana Sankirtan
Label
Sanatana Sankirtan
0:00/1:34
Ram Ramaiya
Shyam Bihari Das & Jayshree Devi Dasi


Ram Ramaiya
Ram Ramaiya
Shyam Bihari Das & Jayshree Devi Dasi
0:00/1:34
About Song
About Song
About Song
Lyrics
Lyrics
Lyrics
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
तेरे मन में तन में राम,
रोम रोम में राम रे।
राम से मेरे ध्यान लगाले,
छोड़ जगत के काम रे॥
माया में तू उलझा उलझा,
दर-दर धूल उड़ाए।
अब करता क्यों मन भारी,
जब माया साथ छुड़ाए॥
राम ही तारे, राम उभारे,
राम ही तारे, राम उभारे,
राम नाम दोहराए जा॥
राम रमैया,
राम रमैया गाए जा।
राम से लगन लगाए जा॥
राम रमैया गाए जा।
जीवन के सुख पाए जा हो॥
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
हो तन के भीतर पाँच लुटेरे,
डाल रहे हैं डेरा।
काम क्रोध मद लोभ मोह ने,
तुझको ऐसा घेरा॥
भूल गया तू राम रतन को,
भूला पूजा-काम रे।
राम नाम जब मुख पे नहीं तो,
व्यर्थ हैं सारे दान रे॥
राम ही तारे, राम उभारे,
राम ही तारे, राम उभारे,
मन का दीप जलाए जा॥
राम रमैया,
राम रमैया गाए जा।
राम से लगन लगाए जा॥
राम रमैया गाए जा,
जीवन के सुख पाए जा हो॥
वो बचपन बीता खेल-खेल में,
भरी जवानी सोया।
देख बुढ़ापा सोच के अब तो,
क्या पाया क्या खोया॥
देर नहीं अब भी ओ बंदे,
ले ले उसका नाम रे।
जीवन बिता दौड़-धूप में,
ढल जाए ना शाम रे॥
राम ही तारे, राम उभारे,
राम ही तारे, राम उभारे,
हर उलझन सुलझाए जा॥
राम रमैया,
राम रमैया गाए जा।
राम से लगन लगाए जा॥
राम रमैया गाए जा,
जीवन के सुख पाए जा॥
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
हरे कृष्ण हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे।
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे॥
मेरे प्रभु राम जय जय राम,
सिया पति राम जय जय राम।
मेरे प्रभु राम जय जय राम,
सिया पति राम जय जय राम॥
तू ही सत्य है, तू ही धाम है,
तू ही दीप है, तू ही नाम है।
तू ही आदि है, तू ही अंत है,
तू ही जीवन है, तू ही प्राण है॥
तू ही वाणी है, तू ही गान है,
तू ही साधना, तू ही ध्यान है।
तू ही काशी है, तू ही कंवर है,
तू ही सत्य सनातन स्वर है॥ (x4)
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
तेरे मन में तन में राम,
रोम रोम में राम रे।
राम से मेरे ध्यान लगाले,
छोड़ जगत के काम रे॥
माया में तू उलझा उलझा,
दर-दर धूल उड़ाए।
अब करता क्यों मन भारी,
जब माया साथ छुड़ाए॥
राम ही तारे, राम उभारे,
राम ही तारे, राम उभारे,
राम नाम दोहराए जा॥
राम रमैया,
राम रमैया गाए जा।
राम से लगन लगाए जा॥
राम रमैया गाए जा।
जीवन के सुख पाए जा हो॥
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
हो तन के भीतर पाँच लुटेरे,
डाल रहे हैं डेरा।
काम क्रोध मद लोभ मोह ने,
तुझको ऐसा घेरा॥
भूल गया तू राम रतन को,
भूला पूजा-काम रे।
राम नाम जब मुख पे नहीं तो,
व्यर्थ हैं सारे दान रे॥
राम ही तारे, राम उभारे,
राम ही तारे, राम उभारे,
मन का दीप जलाए जा॥
राम रमैया,
राम रमैया गाए जा।
राम से लगन लगाए जा॥
राम रमैया गाए जा,
जीवन के सुख पाए जा हो॥
वो बचपन बीता खेल-खेल में,
भरी जवानी सोया।
देख बुढ़ापा सोच के अब तो,
क्या पाया क्या खोया॥
देर नहीं अब भी ओ बंदे,
ले ले उसका नाम रे।
जीवन बिता दौड़-धूप में,
ढल जाए ना शाम रे॥
राम ही तारे, राम उभारे,
राम ही तारे, राम उभारे,
हर उलझन सुलझाए जा॥
राम रमैया,
राम रमैया गाए जा।
राम से लगन लगाए जा॥
राम रमैया गाए जा,
जीवन के सुख पाए जा॥
राम राम राम राम, जय जय राम
श्री राजा राम
राम राम राम राम, जय जय राम
हरे कृष्ण हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे।
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे॥
मेरे प्रभु राम जय जय राम,
सिया पति राम जय जय राम।
मेरे प्रभु राम जय जय राम,
सिया पति राम जय जय राम॥
तू ही सत्य है, तू ही धाम है,
तू ही दीप है, तू ही नाम है।
तू ही आदि है, तू ही अंत है,
तू ही जीवन है, तू ही प्राण है॥
तू ही वाणी है, तू ही गान है,
तू ही साधना, तू ही ध्यान है।
तू ही काशी है, तू ही कंवर है,
तू ही सत्य सनातन स्वर है॥ (x4)
Available On
Available On
Available On
FOLLOW US ON
@2025 SANATANA SANKIRTAN
FOLLOW US ON
@2025 SANATANA SANKIRTAN
FOLLOW US ON
@2025 SANATANA SANKIRTAN
